महासभा की सातवीं बैठक पर कविता- बिनय कुमार गुप्ता

अखिल भारतीय कमलापुरी वैश्य महासभा की सातवीं बैठक को लेकर हुई चर्चा पर बिनय कुमार गुप्ता की कविता-


कभी बात ज्ञान की करते नहीं,
और खुद को पंडित कहते हैं।

उड़ते पेड़ खजूर से,
कौवे को बाज समझते हैं।

जन कमला की बात करेंगे,
लाख पंद्रह और बारह करते हैं।

सुप्रीम कोर्ट ने जो नहीं कहा,
जोरों से माइक पकड़ते हैं।

विधान सभा और लोक सभा,
सब को एक समझते हैं।

कभी बात ज्ञान की करते नहीं,
और खुद को कमला पंडित कहते हैं।


 

यह वेबसाइट www.kamlapuriparivar.com कमलापुरी परिवार के सभी लोगों के लिए समर्पित है। यहां आप परिवार में हो रहे बर्थडे, तीज-त्योहार, शादी-विवाह, उत्सव से संबंधित खबरें और फोटो भेज सकते हैं। आपके पास वैश्य समाज से संबंधित कोई भी जानकारी है तो लिख कर फोटो के साथ मुझे guptahitendra @ gmail. com पर भेज दें। यहां नीचे कमेंट बॉक्स में अपना कमेंट/ विचार / सलाह जरूर लिखें

Comments

Popular posts from this blog

कमलापुरी वैश्य- उत्पति और इतिहास

वैश्य घटक- वैश्य समाज के सभी घटकों के बारे में जानिए

आज का बनिया समाज: कारोबार से दूरी और नौकरी की दौड़, कहां जा रहे हैं हम!

क्या हम खुद अपने बच्चों को बिजनेस से दूर कर रहे हैं? आखिर बनिया अपने बच्चे को धंधे से कैसे जोड़कर रखे?

महासभा अध्यक्ष चुनाव से पहले सभी कमलापुरी बनिया को इन बातों को जरूर जानना चाहिए

महिला सशक्तिकरण को लेकर मधुबनी में संगठन की बड़ी बैठक

कमलापुरी वैश्य को पिछड़ा वर्ग केंद्रीय सूची में शामिल करने के लिए सांसद रमा देवी ने लिखा पत्र, केंद्रीय मंत्री से मिले अध्यक्ष जयराम प्रसाद गुप्ता

कमलापुरी वैश्य महासभा की अहम बैठक 7 मार्च को लखनऊ में, संगठन की भविष्य की रणनीति पर होगी चर्चा

बेटी को सेठ नहीं, साहब चाहिए- क्या शादियों के चक्कर में बनिया का बेटा नौकर बनने को मजबूर है?

About us